देशदेश-विदेश

संकरे रास्ते, पहाड़ी इलाका… अरुणाचल का पूरा गांव हो जाता जलकर राख, लेकिन सेना बनी मसीहा, कई लोगों की बचाई जान

इटानगर. अरुणाचल प्रदेश के ऊपरी सियांग जिले में स्थित कायिंग गांव में सोमवार रात भीषण आग लगने से हड़कंप मच गया. गांव के कई घर जलकर राख हो गए. लेकिन, भारतीय सेना के जवान सबसे पहले घटनास्थल पर पहुंचे और जान-माल की हानि को रोक लिया. स्पीयरहेड डिवीजन के बहादुर जवानों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ग्रामीणों को सुरक्षित बाहर निकाला, आग पर काबू पाया और पूरे गांव को बड़ी तबाही से बचा लिया.
घटना की जानकारी मिलते ही स्पीयर कॉर्प्स के सैनिकों ने फौरन कार्रवाई की. स्थानीय लोगों के अनुसार, आग शाम करीब सात बजे एक घर से शुरू हुई, जो तेज हवा के कारण पूरे गांव में फैलने लगी. गांव में दमकल वाहनों का पहुंचना मुश्किल था, क्योंकि रास्ते संकरे और इलाका पहाड़ी है. ऐसे में सेना के जवान सबसे पहले पहुंचे.
उन्होंने ग्रामीणों को चिल्लाकर जगाया, बच्चों और बुजुर्गों को गोद में उठाकर सुरक्षित स्थान पर ले गए. कुछ जवानों ने आग बुझाने के लिए उपलब्ध पानी के स्रोतों का इस्तेमाल किया, जबकि अन्य ने पास के नाले से पानी का इस्तेमाल किया. लगभग एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूर्ण नियंत्रण हासिल कर लिया गया.

स्पीयर कॉर्प्स के एक अधिकारी ने बताया कि यह डिवीजन हमेशा अरुणाचल प्रदेश के लोगों के साथ खड़ी रहती है. वे न केवल सीमा सुरक्षा में तैनात हैं, बल्कि प्राकृतिक आपदाओं और आपात स्थितियों में भी तुरंत मदद पहुंचाते हैं. इस घटना में कोई जानहानि नहीं हुई. लेकिन, आठ से दस घर पूरी तरह नष्ट हो गए. प्रभावित परिवारों के लिए सेना ने तत्काल भोजन, कंबल और अस्थायी आश्रय की व्यवस्था की.

वहीं, स्थानीय प्रशासन ने भी सेना की सराहना की और कहा कि उनकी मदद के बिना स्थिति और बिगड़ सकती थी. बता दें कि यह डिवीजन पूर्वोत्तर क्षेत्र में सक्रिय है और अक्सर बाढ़, भूस्खलन जैसी आपदाओं में सहायता करता है. पिछले साल भी उन्होंने इसी तरह की कई घटनाओं में जान बचाई थी.वहीं, स्थानीय प्रशासन ने भी सेना की सराहना की और कहा कि उनकी मदद के बिना स्थिति और बिगड़ सकती थी. बता दें कि यह डिवीजन पूर्वोत्तर क्षेत्र में सक्रिय है और अक्सर बाढ़, भूस्खलन जैसी आपदाओं में सहायता करता है. पिछले साल भी उन्होंने इसी तरह की कई घटनाओं में जान बचाई थी.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button